रुई के नए माल का भाव 75-80 रूपए प्रति किलो रहने की संभावना
25-Aug-2026 01:11 PM
कोयंबटूर। तमिलनाडु कृषि विश्वविद्यालय के घरेलू एवं निर्यात बाजार सतर्कता (निगरानी) प्रकोष्ठ में नई फसल की कटाई तैयारी सीजन के दौरान राज्य में रुई का भाव 7500/8000 रूपए प्रति क्विंटल के बीच रहने का अनुमान लगाया है जो न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) से कुछ कम है। प्रकोष्ठ की रिपोर्ट के अनुसार रुई की कीमतों का यह अनुमान मुलानुर एपीएमसी में प्रचलित 20 वर्षो के मूल्य के विश्लेषण पर आधारित है। उत्पादकों को इसके अनुरूप अपनी रणनीति बनानी चाहिए।
उल्लेखनीय है कि भारत दुनिया में कपास की बिजाई क्षेत्र के मामले में पहले तथा उत्पादन के मामले में दूसरे नंबर पर है केंद्रीय कृषि मंत्रालय के दूसरे अग्रिम अनुमान के अनुसार 2025-26 सीजन के दौरान देश में 114.82 लाख हेक्टेयर में कपास की खेती हुई जबकि रुई का कुल उत्पादन 49.453 लाख टन पर पहुंचा। कपास की औसत उपज दर 431 किलो प्रति हेक्टेयर दर्ज की गई।
देश के अंदर कपास (रुई) के शीर्ष उत्पादक प्रांतो में महाराष्ट्र, गुजरात, कर्नाटक, राजस्थान, मध्य्प्रदेश, आंध्रप्रदेश एवं हरियाणा शामिल है इसके आलावा पंजाब, तमिलनाडु एवं उडिशा में भी कपास का उत्पादन होता है उड़ीसा को छोड़कर अन्य सभी राज्यों में बी टी कॉटन की व्यवसायिक खेती होती है।
