ऑयल पाम के उत्पादन क्षेत्र का 42 प्रतिशत लक्ष्य हासिल
12-Aug-2026 07:13 PM
नई दिल्ली। केन्द्रीय कृषि मंत्रालय ने कहा है कि नेशनल मिशन ऑन एडिबल ऑयल्स- ऑयल पाम के माध्यम से देश भर में 6.50 लाख हेक्टेयर में पाम के नए बागान लगाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया था मगर वर्ष 2021-22 से 2025-26 के बीच केवल 2.73 लाख हेक्टेयर में नए बागान लगाए जा सके जो नियत लक्ष्य का 42 प्रतिशत रहा। वास्तविक क्षेत्रफल निर्धारित लक्ष्य से 3.77 लाख हेक्टेयर या 58 प्रतिशत पीछे रह गया।
इस मिशन को 2021-22 में आरंभ किया गया था और वर्ष 2025-26 तक के लिए 6.50 लाख हेक्टेयर में अतिरिक्त बागान लगाने का लक्ष्य रखा गया था। देश के 15 राज्यों में इसके लिए अभियान चलाया जा रहा है। इसमें तेलंगाना सबसे आगे है। वहां 98,112 हेक्टेयर में पाम के बागान लगाए गए है। इसके बाद आंध्र प्रदेश में 97,271 हेक्टेयर, अरुणाचल प्रदेश में 20,967 हेक्टेयर और आसाम में 14,032 हेक्टेयर में ऑयल पाम के नए बागान लगाए गए।
इसके अलावा जिन राज्यों में इसका रकबा 10 हजार हेक्टेयर से कम रहा उसमें उड़ीसा, नागालैंड, कर्नाटक, छत्तीसगढ़, तमिलनाडु, मिजोरम, गुजरात, केरल, मणिपुर और गोवा शामिल है। दरअसल दक्षिणी राज्यों एवं पूर्वोत्तर क्षेत्र में पाम की खेती पर विशेष जोर दिया जा रहा है क्योंकि वहां मौसम, मिटटी एवं जलवायु की स्थिति इसके लिए अनुकूल है।
त्रिपुरा में यह मिशन 2023-24 में क्रियान्वित हुआ और वहां पाम का बागानी क्षेत्र 6137 हेक्टेयर पर पहुंच गया है। उपरोक्त 15 राज्यों में ऑयल पाम की खेती के लिए कुल 21.70 लाख हेक्टेयर उपयुक्त भूमि की पहचान की गई है जिसमें से अभी तक केवल 6,40,264 हेक्टेयर (29 प्रतिशत) में ही बागान लगाए जा सके हैं।
