महाराष्ट्र में चीनी के स्टॉक का पता लगाने हेतु संयुक्त जांच अभियान
28-Aug-2026 11:59 AM
मुम्बई। महाराष्ट्र के खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग ने राज्य के सभी जिला प्रशासनों को डीलर्स, वितरक, व्यापारी एवं बड़े खरीदारों के पास मौजूद चीनी के स्टॉक का भौतिक सत्यापन करने के लिए संयुक्त अभियान चलाने का निर्देश दिया है ताकि यह पता लगाया जा सके कि वह स्टॉक केन्द्र सरकार द्वारा नियत सीमा के अनुरूप है या नहीं।
महाराष्ट्र चीनी का सबसे प्रमुख उत्पादक राज्य है। वहां एक्स-फैक्टरी मूल्य एवं थोक बाजार भाव में जोरदार तेजी के बाद अब नरमी आने लगी है। स्टॉकिस्ट एवं बल्क खरीदार अब ऊंचे दाम पर मिलों से चीनी खरीदने में ज्यादा दिलचस्पी नहीं दिखा रहे हैं।
खाद्य निगम द्वारा जारी एक सर्कुलर के अनुसार केन्द्र सरकार द्वारा घोषित दो अधिसूचनाओं के नियम के अनुरूप महाराष्ट्र सरकार ने दिशा निर्देश जारी किया है। केन्द्र सरकार ने पहली अधिसूचना में चीनी के अधिकतम स्टॉक की सीमा निर्धारित की थी जबकि दूसरी अधिसूचना में चीनी के अधिकतम स्टॉक की सीमा निर्धारित की थी जबकि दूसरी अधिसूचना में इसकी बिक्री एक निश्चित समयावधि में करने का आदेश दिया था। इसके साथ-साथ व्यापारियों के पास मौजूद चीनी के स्टॉक का भौतिक सत्यापन सुनिश्चित करने के लिए केन्द्र ने एक मानक संचालनीय प्रक्रिया को भी अंतिम रूप दिया था।
चीनी की कीमतों में तेजी पर अब काफी हद तक अंकुश लग चुका है। एक्स फैक्टरी मूल्य एवं थोक बाजार भाव नरम या स्थिर होने लगा है मगर खुदरा दाम में ज्यादा गिरावट नहीं आई है। उम्मीद की जा रही है कि शीघ्र ही चीनी का खुदरा मूल्य भी कुछ नीचे आ जाएगा।
