गेहूं का वैश्विक उत्पादन 82 करोड़ टन होने का अनुमान
25-May-2026 12:52 PM
लंदन। कुछ देशों में अल नीनो का प्रभाव पड़ने तथा फर्टिलाइजर की खपत कम होने की संभावना को देखते हुए इंटरनेशनल ग्रेन्स कौंसिल (आईजीसी) ने अपनी नई मासिक (मई) रिपोर्ट में 2026-27 सीजन के दौरान गेहूं का वैश्विक उत्पादन 82 करोड़ टन पर सिमटने की संभावना व्यक्त की है जो अप्रैल रिपोर्ट के अनुमान से 10 लाख टन तथा 2025-26 सीजन के समीक्षित उत्पादन 84.50 करोड़ टन से 2.50 करोड़ टन कम है।
ऑस्ट्रेलिया में इस बार फर्टिलाइजर के अभाव की संभावना है। इस तरह अमरीका और कनाडा में मौसम की प्रतिकूल स्थिति से गेहूं की फसल प्रभावित होने की आशंका है। अर्जेन्टीना तथा यूरोपीय संघ में भी गेहूं के उत्साहवर्धक उत्पादन होने में संदेह है। एशियाई देशों में फिलहाल कोई खतरा नहीं है क्योंकि यहां फसल कट चुकी है और अगली बिजाई सितम्बर-अक्टूबर में आरंभ होने वाली है।
आईजीसी ने 2026-27 सीजन के दौरान गेहूं की वैश्विक खपत बढ़कर 82.70 करोड़ टन पर पहुंचने की संभावना व्यक्त की है जो अप्रैल के अनुमान 82.50 करोड़ टन से 20 लाख टन तथा कुल संभावित उत्पादन से 50 लाख टन ज्यादा है। लेकिन मांग एवं आपूर्ति में अंतर की वजह से गेहूं का वैश्विक बकाया स्टॉक घटने की संभावना है यह स्टॉक घटकर 2026-27 के अंत में 28.20 करोड़ टन रह जाने का अनुमान है।
2025-26 सीजन के लिए कौंसिल ने गेहूं का वैश्विक उत्पादन 84.50 करोड़ टन तथा वैश्विक उपयोग 82 करोड़ टन होने का अनुमान लगाया है जबकि इसका अंतिम बकाया स्टॉक भी बढ़कर 28.80 करोड़ टन पर पहुंच जाने की संभावना व्यक्त की है।
