साप्ताहिक समीक्षा-मटर
11-Jul-2026 09:15 PM
सुस्त मांग से मटर बाजार स्थिर
कानपुर। घरेलू मटर बाजार में चालू सप्ताह के दौरान ग्राहकी सुस्त रहने से स्थिरता का माहौल बना रहा। खरीदारों और विक्रेताओं दोनों की सीमित सक्रियता के कारण कीमतों में कोई बड़ा उतार-चढ़ाव देखने को नहीं मिला। दाल मिलों की आवश्यकता आधारित खरीदारी तथा चना बाजार की कमजोरी का असर भी मटर की मांग पर पड़ा, जिससे बाजार को अपेक्षित समर्थन नहीं मिल सका। स्टॉकिस्टों की बिकवाली बानी रहने व खरीदार ऊंचे भावों पर खरीदारी से बच रहे हैं। इससे बाजार में मांग और आपूर्ति के बीच संतुलन नहीं बन पा रहा है। हालांकि निचले स्तरों पर मांग निकलने की संभावना के चलते बड़ी गिरावट की आशंका फिलहाल सीमित मानी जा रही है। ग्राहकी का अभाव बना रहने से चालू सप्ताह में आयातित मटर की कीमतों में कोई तेजी मंदी नहीं देखी गयी और सप्ताहांत में भाव मुंद्रा बंदरगाह पर कनाडा मटर 3,925 रुपये तथा रूस मटर 3,800 रुपये प्रति क्विंटल रहा। वहीं हजीरा बंदरगाह पर कनाडा मटर 3,925 रुपये और रूस मटर 3,850 रुपये प्रति क्विंटल के स्तर पर कारोबार करता देखा गया।
घरेलू मंडियों में कानपुर में मांग सुस्त रहने से मटर के भाव 4,225 रुपये प्रति क्विंटल पर स्थिर रहे। ललितपुर में 50 रुपये की तेजी के साथ मटर 3,900/4,400 रुपये प्रति क्विंटल पर पहुंच गई। एक अन्य प्रमुख मंडी में मटर के भाव 100 रुपये बढ़कर 4,000/4,400 रुपये प्रति क्विंटल हो गए, जबकि मऊरानीपुर में 75 रुपये की गिरावट के साथ भाव 3,950/4,050 रुपये प्रति क्विंटल दर्ज किए गए। मध्य प्रदेश की प्रमुख मंडियों में भी मांग कमजोर रहने से बाजार स्थिर रहा। सप्ताहांत में बीना में मटर 3,800/4,000 रुपये तथा दमोह में 3,800/4,100 रुपये प्रति क्विंटल के स्तर पर कारोबार करती रही।
कारोबारियों का मानना है कि जब तक दालों की मांग में उल्लेखनीय सुधार नहीं होता, तब तक मटर बाजार पर दबाव बना रह सकता है। हालांकि निचले भावों पर बढ़ती खरीदारी से बाजार को सीमित समर्थन मिलने की संभावना बनी हुई है।
कनाडा
कनाडा की सरकारी एजेंसी स्टैट्स कैन की ताजा रिपोर्ट के अनुसार, इस वर्ष देश में मटर का बुवाई क्षेत्र पिछले वर्ष की तुलना में 14 प्रतिशत घट गया है। देर से बुवाई शुरू होने तथा सस्कैचवान के प्रमुख उत्पादक क्षेत्रों में अत्यधिक वर्षा के कारण किसान निर्धारित लक्ष्य के अनुसार मटर की बुवाई नहीं कर सके। पीली मटर का रकबा भी अनुमान से कम रहा, जबकि इसमें बढ़ोतरी की उम्मीद जताई जा रही थी। वहीं अमेरिका में भी कमजोर लाभप्रदता के कारण मटर का उत्पादन क्षेत्र घटने की खबर है। विश्लेषकों के अनुसार, कम बुवाई से आगामी सीजन में उत्पादन घटने की संभावना है, जिससे मांग और आपूर्ति के बीच संतुलन बेहतर हो सकता है तथा कीमतों पर अत्यधिक दबाव बनने की आशंका कम रहेगी। चीन का बाजार खुलने से कनाडाई पीली मटर को अतिरिक्त समर्थन मिलने की उम्मीद है। कनाडा और अमेरिका में नई मटर की फसल की कटाई एवं आवक अगले महीने से शुरू होने की संभावना है।
मटर दाल
मांग सुस्त बनी रहने से चालू साप्ताह के दौरान मटर दाल की कीमतों में 50/100 रुपए प्रति क्विंटल की मंदी देखी गयी और सप्ताहंत में भाव कानपुर 4600/4700 रुपए व इंदौर 4700/4800 रुपए प्रति क्विंटल रह गयी।
