पश्चिम एशिया संकट पर उच्च स्तरीय पैनल की मीटिंग शुरू
26-Mar-2026 12:47 PM
नई दिल्ली। पश्चिम एशिया,मध्य-पूर्व एवं खाड़ी क्षेत्र के देशो पर ईरान-इजरायल युद्ध का प्रत्यक्ष एवं दुनिया के अन्य तमाम देशो पर परोक्ष रूप से गहरा प्रतिकूल असर पड़ रहा है। भारत भी इसमें शामिल है भारतीय अर्थव्यवस्था पर ईरान-इजरायल युद्ध के प्रभाव को सीमित रखने तथा क्रूड खनिज तेल एवं रासायनिक उर्वरक सहित अन्य आवश्यक चीजों के निर्बाध आयात को जारी रखने के उपायों पर विचार करने के लिए प्रधान मंत्री ने पिछले दिन सचिवों के सात उच्च स्तरीय पैनल का गठन किया था इसकी घोषणा के अगले दिन ही कुछ पैनल की आरम्भिक बैठक 25 मार्च को आरम्भ हो गई।
ध्यान देने की बात है कि पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस तथा रासायनिक उर्वरको के मामले में भारत की स्थिति अन्य देशो एवं विभिन्न रास्तो से इसके आयात की व्यवस्था सुनिश्चित की जा सकती ताकि किसानो को आगामी खरीफ फसलों की खेती में कठिनाई न हो और देश में महंगाई को नियंत्रित किया जा सके। खरीफ फसलों की बिजाई जून में शुरू होने वाली है।
