कर्नाटक में मानसून की सक्रियता बढ़ने से तटीय जिलों में भारी वर्षा का अलर्ट

08-Jun-2026 01:48 PM

तिरुअनन्तपुरम। दक्षिण-पश्चिम मानसून अब केरल की सीमा को पार करके कर्नाटक के तटीय इलाकों में सक्रिय हो गया है जिसे देखते हुए मौसम विभाग ने 9 जून को राज्य के उत्तरी कन्नड़, दक्षिण कन्नड़, उडुपी, चिकमगलूर तथा शिवमोगा जैसे जिलों में मूसलाधार बारिश का रेड अलर्ट जारी किया है। दक्षिण कन्नड़ एवं उडुपी जिले में 8 जून से ही बारिश का दौर आरंभ हो जाने की संभावना व्यक्त की गई है। 

कर्नाटक दक्षिण भारत का एक महत्वपूर्ण कृषि उत्पादक राज्य है जहां खरीफ सीजन के दौरान तुवर, मूंग, मक्का, सोयाबीन, कपास एवं गन्ना सहित अन्य अनेक फसलों की खेती बड़े पैमाने पर होती है। इस राज्य में धान, रागी एवं सूरजमुखी का भी अच्छा उत्पादन होता है। 

मौसम विभाग ने कर्नाटक में 10 जून को उपरोक्त जिलों के अलावा बेलागवी, धारवाड़ तथा हावेरी जैसे जिलों के लिए भी भारी वर्षा का रेड अलर्ट जारी किया है। जिन क्षेत्रों / जिलों में महज 24 घंटे के अंदर 20 से०मी० से अधिक की मूसलाधार बारिश होने की संभावना रहती है वहां रेड अलर्ट जारी किया जाता है। 

केरल में दक्षिण-पश्चिम मानसून 4 जून को पहुंचा था और 4 दिनों तक वहीं घूमते रहने के बाद 8 जून को आगे बढ़कर अब कर्नाटक में पहुंच गया है। इससे स्पष्ट संकेत मिलता है कि इस बार मानसून के आगे बढ़ने की गति धीमी है।

दरअसल इसकी रफ्तार बढ़ाने वाले कारक ज्यादा मजबूत नहीं है। इसका मतलब यह हुआ कि अन्य राज्यों में भी मानसून कुछ देर से पहुंच सकता है। खरीफ फसलों की खेती शुरू करने के लिए किसानों को मानसून वर्षा का इंतजार रहता है।