केन्द्रीय पूल में खाद्यान्न का स्टॉक बढ़कर 912 लाख टन पर पहुंचा
08-Jun-2026 04:17 PM
नई दिल्ली। केन्द्रीय पूल में पहले से ही चावल एवं गेहूं का अच्छा खासा स्टॉक मौजूद था जबकि खरीफ सीजन के साथ-साथ अब रबी सीजन में भी चावल की भारी खरीदारी होने से इसका स्टॉक और भी बढ़ गया।
इसी तरह चालू रबी सीजन के दौरान गेहूं की शानदार सरकारी खरीद हुई है जिससे इसके कुल स्टॉक में भी जबरदस्त बढ़ोत्तरी हो गई। लम्बे अरसे के बाद केन्द्रीय पूल में गेहूं का स्टॉक बढ़कर चावल का स्टॉक से ऊपर पहुंच गया है।
आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार 4 जून 2026 को केन्द्रीय पूल में खाद्यान्न का कुल स्टॉक तेजी से उछलकर 912 लाख टन के शीर्ष स्तर पर पहुंच गया जो 1 मई 2026 को उपलब्ध स्टॉक 772.50 लाख टन से 139.50 लाख टन ज्यादा है। इस अवधि में चावल का स्टॉक 389.50 लाख टन से 10.50 लाख टन बढ़कर 400 लाख टन तथा गेहूं का स्टॉक 383 लाख टन से 129 लाख टन उछलकर 512 लाख टन पर पहुंच गया।
प्राप्त आंकड़ों के मुताबिक 1 जून 2025 को केन्द्रीय पूल में 377.85 लाख टन चावल तथा 358.78 लाख टन गेहूं के साथ कुल 736.61 लाख टन खाद्यान्न का स्टॉक उपलब्ध था जिसके मुकाबले 4 जून 2026 का स्टॉक 175.39 लाख टन ज्यादा है। इससे पूर्व सरकार के पास जून 2024 के आरंभ में 608.75 लाख टन और जून 2023 की शुरुआत में 554.94 लाख टन खाद्यान्न का स्टॉक मौजूद था।
मौजूदा रबी मार्केटिंग सीजन के दौरान गेहूं की सरकारी खरीद बढ़कर 350 लाख टन से ऊपर पहुंच गई और कहीं-कहीं खरीद की प्रक्रिया अभी जारी है। इसी तरह खरीफ कालीन धान की खरीद तो बंद हो गई है मगर रबी कालीन धान की खरीद अभी चल रही है। इससे खाद्यान्न के बफर स्टॉक में आगे कुछ और सुधार हो सकता है।
