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साप्ताहिक समीक्षा- धान-चावल

24-Oct-2026 08:30 PM

साप्ताहिक समीक्षा- धान-चावल
जोरदार आवक के बावजूद धान का भाव तेज- चावल में भी तेजी 

नई दिल्ली। बासमती धान एवं 'ए' ग्रेड के गैर बासमती धान के बाजार में फिलहाल जबरदस्त चहल-पहल एवं रौनकता देखी जा रही है। एक तरफ प्रमुख उत्पादक राज्यों की महत्वपूर्ण थोक मंडियों में किसान भारी मात्रा में अपना धान लेकर पहुंच रहे है तो दूसरी ओर खरीदार भी ऊंचे दाम पर इसकी जोरदार लिवाली कर रहे हैं। इसके फलस्वरूप 17-23 अक्टूबर वाले सप्ताह के दौरान विभिन्न मंडियों में धान के दाम में भारी बढ़ोत्तरी दर्ज की गई और इसके प्रभाव से चावल का बाजार भी काफी तेज हो गया। 
दिल्ली 
समीक्षाधीन सप्ताह के दौरान धान की औसत दैनिक आवक बढ़कर दिल्ली के नरेला में 70-90 हजार बोरी, नजफगढ़ में 10-15 हजार, पंजाब के फाजिल्का में 8 हजार एवं तरन तारन में 21-32 हजार, उत्तेर प्रदेश के एटा में 30-40 हजार, मैनपुरी में 60 से 80 हजार जहांगीराबाद में 50 हजार, शाहजहांपुर में 1 लाख अलीगढ़ में 10-15 हजार तथा खैर में 80-90 हजार बोरी पर पहुंच गई। 
हरियाणा  
हरियाणा, मध्य प्रदेश एवं राजस्थान की मंडियों में भी भारी मात्रा में धान पहुंच रहा है। ध्यान देने की बात है कि मध्य प्रदेश एवं राजस्थान में उत्पादित धान को बासमती की मान्यत नहीं मिली है। 
महाराष्ट्र 
महाराष्ट्र का धान भी इसी श्रेणी में शामिल है। खरीदारों की जोरदार लिवाली से 100 से 500 रुपए प्रति क्विंटल तक का इजाफा दर्ज किया गया। इसके तहत खासकर 1509 श्रेणी के धान का भारी कारोबार हो रहा है। 
चावल 
धान की भांति बासमती चावल तथा 'ए' ग्रेड के गैर-बासमती चावल की कीमतों में जोरदार तेजी दर्ज की गई। घरेलू एवं निर्यात मांग मजबूत बनी हुई है जबकि इसके उत्पादन में गिरावट आने की संभावना है।
कर्नाटक 
निर्यातक एवं स्टॉकिस्ट प्रीमियम क्वालिटी के चावल की भारी खरीद करके अपने स्टॉक पोजीशन को मजबूत बनाने का प्रयास कर रहे हैं। कर्नाटक के रायचूर में विभिन्न किस्मों एवं श्रेणियों के चावल के दाम में 500 से 1000 रुपए प्रति क्विंटल तक की जबरदस्त तेजी रही। 
पंजाब / अमृतसर  
पंजाब के अमृतसर दिल्ली के नया बाजार तथा तेलंगाना के निजामाबाद में भी चावल का भाव काफी तेज रहा। अन्य केन्द्रों में सामान्य तेजी-मंदी देखी गई।