ऑस्ट्रेलिया में चना के शानदार उत्पादन से पीली मटर का दाम प्रभावित होने की संभावना

11-Jun-2024 01:39 PM

नई दिल्ली । ऑस्ट्रेलिया की सरकारी संस्था - ऑस्ट्रेलियन ब्यूरो ऑफ एग्रीकल्चरल एंड रिसोर्स इकोनॉमिक्स एन्ड साइंसेज (अबारेस) ने 2024-25 के सीजन के दौरान ऑस्ट्रेलिया में चना का उत्पादन बढ़कर 11.50 लाख टन की ऊंचाई पर पहुंच जाने का अनुमान लगाया है जिससे इस बार कनाडा की पीली मटर का कारोबार एवं दाम प्रभावित होने होने और खासकर भारत में उसके निर्यात पर गहरा असर पड़ने की संभावना है।

भारत सरकार ने 31 अक्टूबर 2024 तक पीली मटर एवं देसी चना के आयात को शुल्क मुक्त कर दिया है जबकि पहले इस पर क्रमश: 55 प्रतिशत एवं 66 प्रतिशत का सीमा शुल्क लागू था। 

उधर कनाडा में पीली मटर के उत्पादन में अच्छी बढ़ोत्तरी होने की संभावना है जबकि रूस में उत्पादन सामान्य रहने की उम्मीद है। इस तरह कनाडाई पीली मटर को दोनों मोर्चे पर जबरदस्त प्रतिस्पर्धी का सामना करना पड़ेगा।

भारत में रूस से पीली मटर तथा ऑस्ट्रेलिया से देसी चना का विशाल आयात होने के आसार हैं जिससे कनाडा के निर्यातकों को अपने उत्पाद के दाम में मनमानी बढ़ोत्तरी करने का अवसर नहीं मिल पाएगा।

उधर चीन भी पीली मटर के आयात में कनाडा पर  निर्भरता घटाने का प्रयास कर रहा है जिससे वहां रूस से इसके आयात में भारी बढ़ोत्तरी हो रही है। ऐसी हालत में कनाडाई पीली मटर की कीमतों पर स्वाभाविक रूप से दबाव बढ़ जाएगा।

ऑस्ट्रेलिया में चना का उत्पादन 2023-24 सीजन के दौरान करीब 5.40 लाख टन पर अटक गया था जबकि 2024-25 सीजन का अनुमानित उत्पादन उसके दोगुने से भी ज्यादा है।

अबारेस के मुताबिक ऑस्ट्रेलया में 2016-17 के सीजन में चना का उत्पादन बढ़कर 20 लाख टन के सर्वकालीन सर्वोच्च स्तर पर पहुंचा था जबकि 2024-25 सीजन का संभावित उत्पादन दूसरा सबसे बड़ा हो सकता है।

उद्योग- व्यापार समीक्षकों का कहना है कि इस बार ऑस्ट्रेलिया में चना का कुल उत्पादन सरकारी अनुमान से भी ज्यादा हो सकता है। देश के उत्तरी भाग में किसान अनाजी फसलों के बजाए चना की खेती को प्राथमिकता दे रहे हैं।

एक विश्लेषक के अनुसार 2024-25 सीजन के दौरान ऑस्ट्रेलिया में चना का कुल उत्पादन 73 से 16 लाख टन के बीच हो सकता है।