भारत ने 75,000 टन तक सोयाबीन तेल आयात किए रद्द

26-Feb-2026 01:39 PM

भारत ने 75,000 टन तक सोयाबीन तेल आयात किए रद्द
अंतरराष्ट्रीय बाजार में तेजी के बीच भारत ने अप्रैल–जुलाई डिलीवरी के लिए बुक किए गए 65,000–75,000 टन सोयाबीन तेल के आयात सौदे रद्द कर दिए हैं। उद्योग सूत्रों के अनुसार, आने वाले दिनों में यह मात्रा बढ़कर 1,00,000–1,20,000 टन तक पहुंच सकती है।
भारतीय खरीदारों ने पहले 1,080–1,100 डॉलर प्रति टन पर कॉन्ट्रैक्ट किए थे। हालिया रैली के बाद कीमतें बढ़कर 1,140–1,147.50 डॉलर प्रति टन पहुंच गईं।
इस अंतर का फायदा उठाकर खरीदारों ने “वॉशआउट” किया और 40–60 डॉलर प्रति टन का लाभ बुक किया।
इस रणनीति में खरीदार माल की वास्तविक डिलीवरी नहीं लेते, बल्कि ऊंचे भाव पर कॉन्ट्रैक्ट वापस बेचकर मुनाफा कमा लेते हैं।
CBOT में सोयाबीन तेल वायदा दो साल के उच्चतम स्तर पर पहुंच गया है। अमेरिका में बायोफ्यूल ब्लेंडिंग अनिवार्यता को लेकर सकारात्मक संकेतों से मांग की उम्मीद बढ़ी है।
ब्राजील और अर्जेंटीना में इस साल रिकॉर्ड सोयाबीन फसल की संभावना है। अप्रैल से जुलाई के बीच भारी सप्लाई बाजार में आने की उम्मीद है, जिससे आगे कीमतों पर दबाव पड़ सकता है।
भारतीय खरीदारों के पास फिलहाल पर्याप्त स्टॉक मौजूद है, इसलिए वे ऊंचे दाम पर माल लेने का जोखिम नहीं लेना चाहते।
भविष्य में यदि कीमतें गिरती हैं, तो सस्ता माल उपलब्ध हो सकता है।
इससे पहले भारत ब्राजील और अर्जेंटीना से 35,000–40,000 टन के सौदे रद्द कर चुका है। दिसंबर में अर्जेंटीना से 1 लाख टन से अधिक के सौदे टाले या रद्द किए गए थे।
कमजोर रुपये ने भी आयात को महंगा और कम लाभकारी बनाया था।