उद्योग संगठनों एवं निर्यातकों के साथ 11 फरवरी को वाणिज्य मंत्री की मीटिंग

10-Feb-2026 08:39 PM

नई दिल्ली। केन्द्रीय वाणिज्य तथा उद्योग मंत्री कल यानी 11 फरवरी 2026 को नई दिल्ली में निर्यात संवर्धन परिषदों एवं उद्योग संगठनों के साथ एक महत्वपूर्ण मीटिंग करने वाले हैं जिसमें अमरीका तथा यूरोपीय संघ के साथ हुए द्विपक्षीय व्यापार समझौते के संभावित असर पर विस्तार से चर्चा किए जाने की संभावना है। 

समीक्षकों का कहना है कि व्यापारिक करार के तहत कई मामलों में स्थिति स्पष्ट नहीं होने तथा फ्रेमवर्क के प्रावधानों पर संशय बरकरार रहने के कारण यह बैठक काफी महत्वपूर्ण साबित होने वाली है।

भारत और अमरीका के बीच द्विपक्षीय व्यापार संधि के प्रथम चरण के फ्रेमवर्क पर हस्ताक्षर हो गए हैं और कई मामलों में स्पष्टता का अभाव बना हुआ है। बैठक में वाणिज्य मंत्री उद्योग- व्यापार क्षेत्र की चिंताओं तथा शंकाओं को दूर करने का प्रयास करेंगे।

अमरीका पहले ही भारतीय उत्पादों पर टैरिफ को 25 प्रतिशत से घटाकर 18 प्रतिशत नियत करने की घोषणा कर चुका है जिससे भारत से निर्यात सुधरने की संभावना बनी रहेगी। अमरीका भारतीय सामानों के आयात पर लगाए गए 25 प्रतिशत के अतिरिक्त दंडात्मक टैरिफ भी समाप्त कर चुका है। 

उल्लेखनीय है कि भारतीय निर्यातक अमरीका के साथ व्यापार समझौते का  बेसब्री से इंतजार कर रहे थे क्योंकि अमरीका श्रमिकों की बहुलता वाले अनेक क्षेत्रों के उत्पादों का सबसे प्रमुख निर्यात बाजार है। इसमें टेक्सटाइल, सदर, फुटवेयर तथा जेम्स एंड ज्वैलरी क्षेत्र भी शामिल है।

अमरीका में 50 प्रतिशत का सीमा शुल्क लागू होने से भारतीय निर्यातकों को भारी कठिनाई हो रही थी। 11 फरवरी की मीटिंग में भाग लेने के लिए सभी निर्यात प्रोत्साहन परिषदों को आमंत्रित किया गया है। उम्मीद की जा रही है कि इस मीटिंग में पूरी तस्वीर शीशे की तरह साफ हो जाएगी।