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13-Oct-2026 12:30 PM
नई दिल्ली। भारतीय खाद्य निगम (एफसीआई) द्वारा खुले बाजार बिक्री योजना (ओएमएसएस) के तहत अपने स्टॉक से गेहूं की ई-नीलामी शीघ्र ही आरंभ किए जाने की संभावना है ताकि दीपावली से पूर्व फ्लोर मिलर्स एवं प्रोसेसर्स को पर्याप्त मात्रा में इस महत्वपूर्ण खाद्यान्न की आपूर्ति एवं उपलब्धता सुनिश्चित की जा सके।
पहली नीलामी के अंतर्गत एक लाख टन से अधिक गेहूं की बिक्री का ऑफर दिया जा सकता है। 20 से ज्यादा राज्यों में इसे बेचने का प्लान है लेकिन ज्यादातर कोटा पंजाब, हरियाणा एवं उत्तर प्रदेश जैसे राज्यों के लिए निर्धारित हो सकती है।
ध्यान देने की बात है की गेहूं के थोक मंडी मूल्य में गेहूं के थोक मंडी मूल्य में कोई जबरदस्त तेजी का माहौल नहीं है और आवक की स्थिति भी लगभग सामान्य मानी जा रही है। दूसरी ओर खाद्य निगम के पास जून का अत्यन्त विशाल स्टॉक मौजूद है जिसे घटाने की आवश्यकता महसूस हो रही है ताकि अगली फसल के लिए गोदामों में पर्याप्त खाली स्थान मौजूद रह सके। गेहूं की बिजाई जल्दी ही शुरू होने वाली है और अगले साल मार्च-अप्रैल में फसल तैयार होकर मंडियों में तथा सरकारी क्रय केन्द्रों पर पहुंचने लगेगी।
गेहूं का भाव धीरे-धीरे मजबूत हो रहा है। आवक की स्थिति कुछ जटिल होती जा रही है। फ्लोर मिलर्स एवं प्रोसेसर्स (खासकर बिस्कुट निर्माता) सरकारी गेहूं की बिक्री शुरू होने का इंतजार कर रहे हैं। वैसे खाद्य निगम के अपने गेहूं का न्यूनतम आरक्षित मूल्य ऊंचे स्तर पर नियत किया है।