खाद्य निगम के चावल से निर्मित एथनॉल का मूल्य बढ़ाने का आग्रह

13-Jan-2025 04:03 PM

नई दिल्ली । ग्रेन एथनॉल मैन्युफैक्चर्स एसोसिएशन (गेमा) ने केन्द्र सरकार से आग्रह किया है कि भारतीय खाद्य निगम (एफसीआई) द्वारा उपलब्ध करवाये जाने वाले चावल से निर्मित एथनॉल के बिक्री मूल्य में यथोचित बढ़ोत्तरी की जाए।

जब खाद्य निगम 20 रुपए प्रति किलो की दर से एथनॉल निर्माताओं को चावल बेच रहा था तब एथनॉल का दाम 58.50 रुपए प्रति लीटर नियत किया गया था

लेकिन अब खाद्य निगम को 28 रुपए प्रति किलो की दर से चावल बेचने के लिए कहा गया है जिसे देखते हुए एथनॉल का मूल्य भी बढ़ाया जाना आवश्यक हो गया है। अब चावल से निर्मित एथनॉल का मूल्य बढ़ाकर 70.71 रुपए प्रति लीटर निर्धारित किया जाना चाहिए। 

गेमा के अध्यक्ष के अनुसार खाद्य निगम के चावल का दाम नियत होने के बाद अब एसोसिएशन ने पेट्रोलियम मंत्रालय से एथनॉल के मूल्य में उसके अनुरूप ही बढ़ोत्तरी करने का आग्रह किया है।

उल्लेखनीय है कि केन्द्रीय खाद्य मंत्रालय ने 7 जनवरी को एक अधिसूचना जारी करके विभिन्न संवर्गों के लिए चावल का दाम नियत किया था। इसके तहत एथनॉल निर्माताओं के लिए सरकारी चावल का मूल्य 2800 रुपए प्रति क्विंटल निर्धारित किया गया और इस पर कोई अतिरिक्त परिवहन खर्च भी नहीं जोड़ा जाएगा।

इससे पूर्व अगस्त 2024 में खाद्य मंत्रालय ने साप्ताहिक ई-नीलामी के औसत नीलामी मूल्य पर डिस्टीलरीज को एफसीआई से चावल खरीदने की अनुमति प्रदान की थी और अक्टूबर 2024 तक के लिए 23 लाख टन चावल का कोटा भी आवंटित किया था। 

लेकिन 2024-25 के वर्तमान मार्केटिंग सीजन (नवम्बर-अक्टूबर) के लिए चावल बिक्री की किसी नीति की घोषणा नहीं की गई थी और दबाव बढ़ने के बाद 7 जनवरी 2025 को इस सम्बन्ध में निर्णय लिया गया। सरकार ने अभी तक चावल, मक्का अथवा गन्ना आदि से निर्मित एथनॉल के दाम में कोई बदलाव नहीं किया है।