धान का भाव घटने से तमिलनाडु में चावल के दाम में गिरावट की संभावना
21-Jan-2025 01:31 PM
मदुरै । खुले बाजार में धान की कीमतों में भारी गिरावट आने के कारण तमिलनाडु में अगले कुछ सप्ताहों के दौरान फाइन वैरायटी के चावल का भाव कम से कम 10 प्रतिशत घटने की संभावना व्यक्त की जा रही है। वर्तमान समय में इसका दाम 60-70 रुपए प्रति किलो चल रहा है।
चालू वर्ष के दौरान राज्य में शानदार उत्पादन की उम्मीद से धान का मूल्य 200-300 रुपए प्रति बोरी (62 किलो) तक घट चुका है।
व्यापारिक सूत्रों के अनुसार आर एन आर श्रेणी के चावल का भाव रामनाथपुरम मार्केट में पहले 1700-2000 रुपए प्रति बोरी के बीच चल रहा था जो अब घटकर 1300-1400 रुपए प्रति बोरी पर आ गया है। इससे चावल के खुदरा मूल्य में भी स्वाभाविक रूप से गिरावट आ जाएगी।
फेडरेशन ऑफ तमिलनाडु राइस मिल ऑनर्स तथा पैडी राइस डीलर्स एसोसिएशन के सचिव का कहना है कि आमतौर पर देश में पिछले कुछ वर्षों से औसतन 1300-1350 लाख टन के बीच चावल का सालाना उत्पादन होता रहा है मगर 2023-24 सीजन के दौरान इसमें करीब 3.5 प्रतिशत की गिरावट आ गई। कुछ अन्य कारणों से चावल का दाम भी ऊंचा एवं तेज हो गया।
लेकिन 2024-25 के वर्तमान मार्केटिंग सीजन के दौरान देश में एक बार फिर चावल का शानदार उत्पादन होने का अनुमान है जिससे उत्पादक मंडियों में धान की कीमत नरम पड़ गई है और इसका असर जल्दी ही चावल के दाम पर भी पड़ने की संभावना है।
शुरूआती दौर में चावल के खुदरा मूल्य में 2 से 3 रुपए प्रति किलो की गिरावट आएगी जबकि बाद में यह और भी घट सकता है।
उल्लेखनीय है कि धान तमिलनाडु की प्रमुख फसल माना जाता है। वहां 2023-24 के सीजन में करीब 75 लाख टन का उत्पादन होने के कारण स्टॉक बचा रह गया था जबकि 2024-25 के सीजन के बेहतर उत्पादन की वजह से आपूर्ति एवं उपलब्धता की स्थिति और भी सुगम हो गई।
मालूम हो कि देश के इस सुदूर दक्षिणी प्रान्त में कुछ ऐसी उच्च कोटि के धान का उत्पादन बड़े पैमाने पर होता है जिससे चावल की मांग विदेशी बाजारों में काफी मजबूत रहती है।
