सरकार के पास दलहनों का विशाल स्टॉक मौजूद

05-Jun-2026 03:43 PM

नई दिल्ली। केन्द्र सरकार का दावा है कि उसके पास दलहनों का विशाल स्टॉक मौजूद है जिससे इस वर्ष अल नीनो तथा कमजोर मानसून के कारण उत्पादन में यदि गिरावट आती है और कीमत तेज होती है तो उसे बाजार में तत्काल प्रभावी  हस्तक्षेप करने में कठिनाई नहीं होगी। 

वरिष्ठ आधिकारिक सूत्रों के अनुसार केन्द्रीय बफर स्टॉक में दलहनों की मात्रा तेजी से उछलकर 43 लाख टन के नए रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गई है जो मई 2025 में मौजूद स्टॉक 18 लाख टन तथा मई 2024 में उपलब्ध स्टॉक 21 लाख टन की तुलना में दोगुने से भी ज्यादा है। इससे घरेलू प्रभाग में आवश्यकता महसूस होने पर दलहनों की आपूर्ति की स्थिति को सुगम बनाने तथा कीमतों में तेजी पर अंकुश लगाने में सहायता मिलेगी। 

केन्द्रीय उपभोक्ता मामले विभाग के सचिव के अनुसार दलहनों के इस विशाल स्टॉक को अभी बाजार में नहीं उतारा जाएगा। यदि अल नीनो के असर से खरीफ कालीन दलहनों का उत्पादन प्रभावित होता है तब इस बफर स्टॉक का उपयोग किया जाएगा। 

सचिव का कहना था कि दलहन जल्दी खराब होने वाले कृषि उत्पादों की श्रेणी में नहीं आता है और दो-तीन वर्षों तक इसका सुरक्षित भंडारण आसानी से किया जा सकता है।

सरकार द्वारा न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) पर किसानों से प्रति वर्ष भारी मात्रा में दलहनों की खरीद का प्रयास किया जाता है। इस बार रबी मार्केटिंग सीजन में चना का विशाल स्टॉक खरीदा गया है जबकि अन्य दलहनों का अच्छा खासा स्टॉक पहले से ही मौजूद था। मूंग, तुवर एवं मसूर का भी अच्छा स्टॉक है। 

विदेशों से विभिन्न दलहनों का आयात जारी है और आगे भी यह सिलसिला बरकरार रहेगा। इससे घरेलू प्रभाग में आपूर्ति एवं उपलब्धता की स्थिति सुगम बनी रहेगी। चना के घरेलू बाजार मूल्य में थोड़ी तेजी आई है जबकि अन्य दलहनों का भाव लगभग स्थिर है।