एनसीडीईएक्स में कालीमिर्च में वायदा कारोबार की तैयारी शुरू

26-May-2026 01:49 PM

मुम्बई। राष्ट्रीय स्तर पर सरकारी मान्यता प्राप्त बहुजिंसीय वायदा प्लेटफार्म नेशनल कॉमोडिटी एन्ड डेरिवेटिव्स एक्सचेंज (एनसीडीईएक्स) अब कालीमिर्च में वायदा कारोबार शुरू करने की तैयारी कर रहा है। नियामक संस्था- भारतीय प्रतिभूति एवं विनिमय बोर्ड (सेबी) से एक्सचेंज को कालीमिर्च में वायदा अनुबंध आरंभ करने की सैद्धांतिक मंजूरी पहले ही हासिल हो चुकी है जिससे इसका रास्ता साफ हो गया है।

हालांकि 10-15 साल पहले एक्सचेंज ने कालीमिर्च में वायदा अनुबंध की लांचिंग की थी लेकिन कुछ समय के बाद क्वालिटी सम्बन्धी समस्या उत्पन्न होने से मामला अदालत में पहुंच गया और एक्सचेंज को कारोबार स्थगित करना पड़ा। अब केवल एक को छोड़कर बाकी सभी मुद्दे सुलझाए जा चुके हैं और सेबी की स्वीकृति भी मिल चुकी है। 

एक्सचेंज के मैनेजिंग डायरेक्टर का कहना है कि भारत कालीमिर्च का एक अग्रणी उत्पादक देश है लेकिन वैश्विक बाजार में कीमतों को प्रभावित करने की क्षमता नहीं रखता है। वियतनाम में पहले कालीमिर्च का उत्पादन नगण्य होता था मगर अब इतना ज्यादा बढ़ चुका है कि वह 'प्राइस सेटर' (मूल्य निर्धारण) बन गया है।

इतना ही नहीं बल्कि वियतनाम अब कालीमिर्च का आधार केन्द्र भी माना जाता है। भारत में अब भी कालीमिर्च का अच्छा उत्पादन होता है लेकिन घरेलू उपयोग लगातार बढ़ते जाने से निर्यात योग्य स्टॉक सिमटता जा रहा है।

भारत को कालीमिर्च की कीमतों के लिए वियतनाम की ओर देखना पड़ता है। एक्सचेंज चाहता है कि भारत फिर से कालीमिर्च का मूल्य निर्धारक बने। इसके लिए

वायदा कारोबार एक अच्छा आधार साबित हो सकता है।  कालीमिर्च का उत्पादन मुख्यतः कर्नाटक, केरल एवं तमिलनाडु में होता है। दक्षिण भारत में एक्सचेंज की मजबूत उपस्थिति नहीं है।

अगर कालीमिर्च में वायदा कारोबार सफल रहा तो एक्सचेंज आगे चलकर छोटी इलायची में भी वायदा अनुबंध लांच करने पर विचार कर सकता है।