तिलहनों के एमएसपी में हुई वृद्धि का खाद्य तेल उद्योग ने किया स्वागत
14-May-2026 08:32 PM
मुम्बई। स्वदेशी वनस्पति तेल उद्योग एवं व्यापार क्षेत्र के विभिन्न संगठनों द्वारा 2026-27 सीजन के लिए खरीफ तिलहन फसलों के न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) में हुई अच्छी बढ़ोत्तरी का स्वागत किया गया है। संगठनों का कहना है कि इससे किसानों को सोयाबीन, मूंगफली, सूरजमुखी नाइजर सीड एवं तिल आदि का बिजाई क्षेत्र एवं उत्पादन बढ़ाने का अच्छा प्रोत्साहन मिलेगा और विदेशी खाद्य तेलों के आयात पर निर्भरता घटाने में सहायता प्राप्त होगी।
उल्लेखनीय है कि केन्द्र सरकार ने 2025-26 सीजन की तुलना में 2026-27 के खरीफ सीजन के लिए तिलहन फसलों के संवर्ग में मूंगफली का एमएसपी 7263 रुपए प्रति क्विंटल से 254 रुपए बढ़ाकर 7517 रुपए प्रति क्विंटल, सोयाबीन का 5328 रुपए प्रति क्विंटल से 380 रुपए बढ़ाकर 5708 रुपए प्रति क्विंटल तिल का 9846 रुपए प्रति क्विंटल से 500 रुपए बढ़ाकर 10,346 रुपए प्रति क्विंटल, नाइजर सीड का 9537 रुपए प्रति क्विंटल से 515 रुपए बढ़ाकर 10,052 रुपए प्रति क्विंटल तथा सूरजमुखी का एमएसपी 7721 रुपए प्रति क्विंटल से 622 रुपए बढ़ाकर 8343 रुपए प्रति क्विंटल निर्धारित किया है। इस वृद्धि से किसानों को काफी राहत मिल सकती है।
आमतौर पर थोक मंडी भाव घटकर न्यूनतम समर्थन मूल्य से नीचे आने पर सरकारी एजेंसी- नैफेड तथा एनसीसीएफ द्वारा किसानों से तिलहनों की भारी खरीद की जाती है।
2025-26 के मार्केटिंग सीजन में भी भारी मात्रा में सोयाबीन एवं मूंगफली की सरकारी खरीद हुई। खरीफ सीजन में इसी दो तिलहनों का सर्वाधिक उत्पादन होता है। वर्तमान समय में इसका थोक मंडी भाव सरकारी समर्थन मूल्य से ऊंचा चल रहा है।
