साप्ताहिक समीक्षा- धान-चावल
06-Jun-2026 08:55 PM
अच्छी लिवाली से धान-चावल का भाव रहा तेज
नई दिल्ली। आपूर्ति का ऑफ सीजन होने से देश की चुनिंदा मंडियों में ही थोड़ी बहुत धान की आवक हो रही है जिसमें नरेला, भाटापाड़ा, राजिम, कोटा एवं बूंदी आदि मंडियां शामिल हैं। खरीफ कालीन धान की रोपाई का सीजन औपचारिक तौर पर शुरू हो चुका है और अक्टूबर से इसकी नई फसल तैयार होकर मंडियों में आने लगेगी।
दिल्ली
30 मई- 5 जून वाले सप्ताह के दौरान दिल्ली की नरेला मंडी में 1000 बोरी धान की औसत दैनिक आवक हुई लेकिन सीमित कारोबार के कारण कीमतों में कोई खास उतार-चढ़ाव नहीं देखा गया। छत्तीसगढ़ की भाटापाड़ा मंडी में 7500-8000 बोरी तथा राजिम मंडी में 8-10 हजार बोरी धान की रोजाना आवक हुई मगर कीमत प्राय: स्थिर बनी रही।
उत्तर प्रदेश
भाटापाड़ा में महामाया धान 100 रुपए प्रति क्विंटल नरम रहा उत्तर प्रदेश की शाहजहांपुर मंडी में 500-100 बोरी धान रोजाना आ रहा है और इसकी खरीद-बिक्री भी हो रही है।
राजस्थान
राजस्थान की बूंदी मंडी में धान की दैनिक आवक गिरकर 1500-2000 बोरी तथा कोटा मंडी में 550-750 बोरी रह गई लेकिन मिलर्स / प्रोसेसर्स एवं निर्यातकों की अच्छी मांग से कीमतों में 100-200 रुपए प्रति क्विंटल की तेजी आ गई।
चावल
जहां तक चावल का सवाल है तो इसकी घरेलू एवं निर्यात मांग सामान्य बनी हुई है। हालांकि होर्मुज स्ट्रेट के बंद होने से पश्चिम एशिया, मध्य पूर्व एवं खाड़ी क्षेत्र के देशों में बासमती चावल का निर्यात प्रभावित हो रहा है लेकिन अन्य देशों / क्षेत्रों में बेहतर शिपमेंट हो रहा है।
अमृतसर
निर्यातकों एवं दिसावरी व्यापारियों की अच्छी लिवाली के कारण अमृतसर में विभिन्न किस्मों एवं श्रेणियों के चावल के दाम में 100-200 रुपए प्रति क्विंटल की तेजी दर्ज की गई। लेकिन बूंदी में भाव लगभग स्थिर बना रहा। उत्तराखंड की नगर मंडी में भी चावल के दाम में कोई खास बदलाव नहीं देखा गया।
दिल्ली
लेकिन दिल्ली के नया बाजार में कोई खास बदलाव नहीं देखा गया। लेकिन दिल्ली के नया बाजार में कुछ किस्मों के चावल में अच्छा कारोबार हुआ। इसके फलस्वरूप 1401 स्टीम चावल का भाव 200 रुपए बढ़कर 9250 रुपए प्रति क्विंटल पर पहुंच गया। 1509 सेला एवं स्टीम में 100-100 रुपए की तेजी दर्ज की गई।
