साप्ताहिक समीक्षा- सरसों
14-Mar-2026 08:54 PM
नीचे दाम पर लिवाली बढ़ने से सरसों में तेजी
नई दिल्ली। सभी प्रमुख उत्पादक राज्यों की महत्वपूर्ण मंडियों में नई सरसों की जोरदार आवक होने लगी है और व्यापारी तथा तेल मिलर्स इसकी खरीद में अच्छी दिलचस्पी भी दिखा रहे हैं। मंडियों में अच्छी पहल-पहल रहती है। सरसों का न्यूनतम समर्थन मूल्य 5950 रुपए से बढ़ाकर 6200 रुपए प्रति क्विंटल नियत किया गया है जबकि कुछ मंडियों में भाव इससे नीचे आ गया है।
42% कंडीशन सरसों
बेहतर लिवाली का समर्थन मिलने से 7-13 मार्च वाले सप्ताह के दौरान 42 प्रतिशत कंडीशन वाली सरसों का भाव दिल्ली में 50 रुपए सुधरकर 6550 रुपए प्रति क्विंटल तथा जयपुर में 100 रुपए बढ़कर 6850 रुपए प्रति क्विंटल तथा जयपुर में 100 रुपए बढ़कर 6850 रुपए प्रति क्विंटल पर पहुंच गया।
गुजरात
सामान्य औसत क्वालिटी की सरसों के दाम में गुजरात में 100 से 350 रुपए प्रति क्विंटल, हरियाणा में 50 से 300 रुपए प्रति क्विंटल, मध्य प्रदेश में 50 से 200 रुपए प्रति क्विंटल तथा उत्तर प्रदेश में 50 से 100 रुपए प्रति क्विंटल की तेजी दर्ज की गई।
राजस्थान
राजस्थान की मंडियों में आमतौर पर सरसों का भाव 150 से 300 रुपए प्रति क्विंटल तक तेज रहा लेकिन नेवाई और टोंक में 150 रुपए नरम पड़ गया। कोलकाता में 100 रुपए प्रति क्विंटल का सुधार दर्ज किया गया।
सरसों तेल / कच्ची घानी
सरसों का भाव तेज होने से सरसों तेल एक्सपेलर एवं कच्ची घानी की कीमत भी 3 से 5 रुपए प्रति किलो तक बढ़ गई। दिल्ली में एक्सपेलर का भाव 40 रुपए की वृद्धि के साथ 1390 रुपए प्रति 10 किलो पर पहुंचा जबकि लुधियाना में यह 50 रुपए बढ़कर 1405 रुपए प्रति 10 किलो हो गया। कोटा में आश्चर्य जनक रूप से कच्ची घानी सरसों तेल का दाम 48 रुपए घटकर 1382 रुपए प्रति 10 किलो पर आ गया। अन्य केन्द्रों में सरसों तेल का दाम मजबूत रहा।
सरसों खल (डीओसी)
सरसों खल एवं डीओसी में खरीदारों की जोरदार मांग देखी गई जिससे कीमतों में भारी उछाल दर्ज किया गया।
