News Capsule/न्यूज कैप्सूल: भारत का मखाना उत्पादन बढ़कर 80,590 टन, बिहार सबसे बड़ा उत्पादक

19-Aug-2026 01:03 PM

News Capsule/न्यूज कैप्सूल: भारत का मखाना उत्पादन बढ़कर 80,590 टन, बिहार सबसे बड़ा उत्पादक
★ मखाना भारत में तेजी से उभरती कृषि-खाद्य वस्तु बन गया है। पोषण मूल्य और स्वास्थ्य लाभों के प्रति बढ़ती जागरूकता के साथ घरेलू और वैश्विक बाजार में इसकी मांग लगातार बढ़ रही है। भारत दुनिया का सबसे बड़ा मखाना उत्पादक देश है और वैश्विक आपूर्ति में इसकी हिस्सेदारी करीब 80-85% है। देश के कुल मखाना उत्पादन में बिहार की हिस्सेदारी लगभग तीन-चौथाई है।
★ केंद्रीय बजट 2025-26 में राष्ट्रीय मखाना बोर्ड की स्थापना की घोषणा की गई थी, जिसका औपचारिक शुभारंभ 15 सितंबर 2025 को बिहार में किया गया। सरकार ने मखाना क्षेत्र के लिए 476.03 करोड़ रुपये की केंद्रीय क्षेत्र योजना के तहत अनुसंधान, प्रसंस्करण, ब्रांडिंग, निर्यात और किसानों को सहायता देने की पहल की है।
★ 2024-25 में भारत का मखाना उत्पादन 63,910 टन था, जो 2025-26 के दूसरे अग्रिम अनुमान में बढ़कर 80,590 टन हो गया है। औसत उत्पादकता भी 2.03 टन प्रति हेक्टेयर से बढ़कर 2.34 टन प्रति हेक्टेयर हो गई। बिहार में 2025-26 में मखाना उत्पादन 60,000 टन रहा, जबकि औसत उत्पादकता 2 टन प्रति हेक्टेयर रही।
★ मखाना निर्यात में भी उल्लेखनीय वृद्धि हुई है। भारत का मखाना निर्यात 2020 में 7,260 टन से बढ़कर 2024 में 25,130 टन हो गया। वर्तमान में भारत हर वर्ष 60,000 टन से अधिक मखाना उत्पादन करता है, जिसमें लगभग 40% यानी 23,000-25,000 टन का निर्यात किया जाता है।
★ स्वस्थ और प्रीमियम स्नैक के रूप में मखाना की बढ़ती मांग किसानों के लिए बेहतर आय का अवसर पैदा कर रही है। राष्ट्रीय मखाना बोर्ड, बेहतर प्रसंस्करण और ब्रांडिंग तथा निर्यात बाजारों के विस्तार से मखाना भारत के कृषि-खाद्य निर्यात को और मजबूत कर सकता है।