मक्का का औसत घरेलू बाजार भाव सरकारी समर्थन मूल्य से कुछ ऊंचा
08-Jan-2025 03:24 PM
नई दिल्ली । केन्द्रीय कृषि मंत्रालय के आंकड़ों से पता चलता है कि दिसम्बर 2024 के दौरान मक्का का औसत घरेलू बाजार भाव 2232.41 रुपए प्रति क्विंटल रहा जो 2024-25 सीजन के लिए निर्धारित न्यूनतम समर्थन मूल्य 2225 रुपए प्रति क्विंटल से कुछ अधिक था।
यह भाव देश के 16 प्रांतों- गुजरात, महाराष्ट्र, पंजाब, तमिलनाडु, दिल्ली, उत्तर प्रदेश, कर्नाटक, उड़ीसा, आंध्र प्रदेश, हरियाणा, छत्तीसगढ़ , उत्तराखंड, राजस्थान, मध्य प्रदेश, तेलंगाना एवं मणिपुर का औसत दाम है।
इससे पूर्व दिसम्बर 2023 में राष्ट्रीय स्तर पर मक्का का औसत भाव 2051.31 रुपए प्रति क्विंटल दर्ज किया गया था। इस तरह दिसम्बर 2023 के मुकाबले दिसम्बर 2024 के दौरान मक्का के औसत मूल्य में 8.83 प्रतिशत की बढ़ोत्तरी दर्ज की गई। दिसम्बर 2022 में मक्का का औसत भाव 2065.31 रुपए प्रति क्विंटल रहा था।
दरअसल एथनॉल निर्माण के लिए जोरदार मांग निकलने से मक्का के दाम में कुल तेजी आई है और इससे पॉल्ट्री उद्योग की कठिनाई बढ़ गई है।
ध्यान देने की बात है कि वर्ष 2020 में जब मक्का का न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) 1850 रुपए प्रति क्विंटल नियत हुआ था तब बिहार में किसानों को 1100-1200 रुपए प्रति क्विंटल के निचले दाम पर अपना उत्पाद बेचने के लिए विवश होना पड़ा था। इसके लिए किसानों को 'मक्का सत्याग्रह' तक करना पड़ा था।
अब कीमतों में बढ़ोत्तरी होने से मक्का उत्पादकों को थोड़ी राहत मिल रही है तो पॉल्ट्री उद्योग की परेशानी बढ़ गई है। जानकारों का कहना है कि यदि पॉल्ट्री उद्योग सीधे किसान समूह से मक्का की खरीद करे तो उसे ज्यादा दिक्कत नहीं होगी।
हालांकि पॉल्ट्री उद्योग द्वारा ऐसा माहौल बनाया जा रहा है मानों मंडियों में मक्का की आवक नहीं हो रही है। यह हकीकत नहीं है। वस्तुतः आवक हो रही है और इसकी अच्छी उपलब्धता भी बनी हुई है मगर बाजार भाव एमएसपी से ऊंचा चल रहा है जबकि पॉल्ट्री उद्योग को नीचे दाम पर इसकी खरीद करने की आदत पड़ गई है।
केन्द्रीय कृषि मंत्रालय के नवीनतम आंकड़ों के अनुसार दिसम्बर 2024 के दौरान देश भर की थोक मंडियों में मक्का की आवक तेजी से बढ़कर 16 लाख टन से कुछ ऊपर पहुंच गई जो दिसम्बर 2023 की आवक 9.48 लाख टन से काफी ज्यादा और दिसम्बर 2022 की आवक 8.76 लाख टन से 83 प्रतिशत अधिक है।
