मजबूत औद्योगिक मांग से चीनी के दाम में सुधार

11-May-2024 06:28 PM

नई दिल्ली । हालांकि चालू माह (मई) के लिए सरकार ने 27 लाख टन चीनी का रिकॉर्ड फ्री सेल कोटा जारी किया है जो अप्रैल के कोटे 25  लाख टन से 2 लाख टन तथा मई 2023 के कोटे 24 लाख टन से 3 लाख टन ज्यादा है मगर घरेलू बाजार भाव पर इसका सीमित दबाव देखा जा रहा है क्योंकि भीषण गर्मी एवं चुनावी गतिविधियों के कारण इसकी औद्योगिक मांग काफी मजबूत बनी हुई है। आइसक्रीम एवं कोल्ड ड्रिंक्स के साथ अन्य प्रसंस्कृत खाद्य उत्पादों तथा विविध औषधीय पदार्थों के निर्माण में भी चीनी की मांग एवं खपत तेजी से बढ़ती जा रही है। घरेलू खपत के लिए भी चीनी की अच्छी मांग है। 
मिल डिलीवरी भाव 
4 से 10 मई वाले सप्ताह के दौरान चीनी के मिल डिलीवरी भाव तथा हाजिर बाजार मूल्य में 20 से 50 रुपए प्रति क्विंटल तक की तेजी दर्ज की गई। महाराष्ट्र एवं कर्नाटक में चीनी की अनुमति देने का आग्रह किया है। गन्ना क्रशिंग एवं चीनी के उत्पादन का मुख्य सीजन अंतिम पड़ाव पर है जबकि जुलाई-अगस्त में कर्नाटक एवं तमिलनाडु में इसका विशेष सत्र आयोजित किया जाएगा। 
हाजिर भाव 
चीनी का मिल डिलीवरी भाव समीक्षाधीन सप्ताह के दौरान पूर्वी उत्तर प्रदेश में 35 रुपए, पश्चिमी उत्तर प्रदेश में 15 रुपए, पंजाब तथा हरियाणा में 10-10 रुपए तथा गुजरात में 20/40 रुपए प्रति क्विंटल तेज रहा। चीनी का हाजिर भाव दिल्ली में 4130/4240 रुपए प्रति क्विंटल पर स्थिर देखा गया जबकि इंदौर में 5 रुपए सुधरकर 3975/4075 रुपए तथा रायपुर में 25/50 रुपए बढ़कर 4000/4100 रुपए प्रति क्विंटल पर पहुंचा। मुम्बई (वाशी) मार्केट में यह स्थिर रहा और नाका पोर्ट डिलीवरी मूल्य में भी कोई बदलाव नहीं हुआ। 
टेंडर 
चीनी का टेंडर मूल्य महाराष्ट्र में 20 से 45 रुपए प्रति क्विंटल तथा कर्नाटक में 20 से 60 रुपए प्रति क्विंटल ऊंचा रहा। कोलकाता में भी चीनी का दाम 20-30 बढ़ गया।